नवाचार और स्टार्टअप के क्षेत्र में विश्वविद्यालय की बड़ी उपलब्धि, सात छात्र टीमों ने राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं के फाइनल में बनाई जगह

KL University ने इनोवेशन और उद्यमिता के क्षेत्र में एक और बड़ी उपलब्धि हासिल की है। विश्वविद्यालय को लगातार पाँचवें वर्ष Institution’s Innovation Council (IIC) की 4-स्टार रेटिंग मिली है। यह रेटिंग शिक्षा मंत्रालय के इनोवेशन सेल (MIC) की ओर से दी गई है। यह सम्मान शैक्षणिक वर्ष 2024-25 के दौरान विश्वविद्यालय में नवाचार, नए विचारों और स्टार्टअप को बढ़ावा देने के प्रयासों को पहचान देता है।

विश्वविद्यालय के लिए यह उपलब्धि इसलिए भी खास है, क्योंकि इसके सात छात्र दलों ने IIC की इनोवेशन चैलेंज प्रतियोगिताओं के फाइनल राउंड में जगह बनाई है। इनमें से चार दल AICTE प्रोडक्शन फेलोशिप (APF) के फाइनल राउंड तक पहुंचे हैं, जबकि तीन दलों ने YUKTI इनोवेशन चैलेंज के फाइनल में जगह बनाई है, Best Universities in India।

छात्रों के नए विचारों को मिल रहा बढ़ावा

इन सात छात्र दलों में से छह दल विश्वविद्यालय के Honors Through Innovation (HTI) कार्यक्रम से जुड़े हैं। यह कार्यक्रम छात्रों को नए विचारों पर काम करने, उपयोगी उत्पाद बनाने और अपने विचारों को व्यावहारिक रूप देने में मदद करता है। इससे छात्रों को पढ़ाई के साथ-साथ नई तकनीक, उत्पाद विकास और अपना व्यवसाय शुरू करने की दिशा में आगे बढ़ने का अवसर मिलता है।

विश्वविद्यालय की यह सफलता दिखाती है कि सही मार्गदर्शन और लगातार प्रयासों से छात्र अपने विचारों को उपयोगी समाधान में बदल सकते हैं। इनोवेशन चैलेंज के फाइनल तक पहुंचना छात्रों की मेहनत और शिक्षकों के सहयोग का परिणाम है।

कुलपति ने छात्रों और शिक्षकों को दी बधाई

KL University के चांसलर ईर. कोनेरू सत्यनारायण ने इस उपलब्धि पर खुशी जताई। उन्होंने कहा कि यह सम्मान शिक्षा में नवाचार को और अधिक महत्वपूर्ण बनाने के विश्वविद्यालय के संकल्प को मजबूत करता है।

उन्होंने कहा कि सात छात्र दलों का APF और YUKTI प्रतियोगिताओं के फाइनल तक पहुंचना उनके विचारों की क्षमता और उन्हें मिले मार्गदर्शन का प्रमाण है। उन्होंने विशेष रूप से HTI कार्यक्रम के छह दलों की सफलता पर गर्व जताया। साथ ही, छात्रों, शिक्षकों और कर्मचारियों को उनके योगदान के लिए बधाई दी।

चांसलर ने यह भी कहा कि विश्वविद्यालय का उद्देश्य युवाओं को ऐसे उत्पाद और समाधान तैयार करने में मदद देना है, जो वास्तविक जीवन की समस्याओं को दूर कर सकें और समाज के लिए उपयोगी साबित हों।

शिक्षकों के मार्गदर्शन से मिली सफलता

विश्वविद्यालय में नवाचार से जुड़ी इन पहलों को डॉ. जी. पार्थ सारधी वर्मा के नेतृत्व में आगे बढ़ाया गया। वहीं, MDI&E विभाग के प्रमुख डॉ. के. नरसिम्हा राजू की देखरेख में इन गतिविधियों को आगे बढ़ाने का काम किया गया। इस पूरी प्रक्रिया में शिक्षकों और कर्मचारियों ने भी अहम भूमिका निभाई।

छात्रों को नए विचारों पर काम करने, उत्पाद तैयार करने और उद्यमिता की समझ विकसित करने के लिए मार्गदर्शन दिया गया। इससे उन्हें अपनी सोच को वास्तविक रूप देने और भविष्य में स्टार्टअप की दिशा में आगे बढ़ने का अवसर मिला।

बेहतर भविष्य के लिए नवाचार पर जोर

KL University का लक्ष्य नवाचार और उद्यमिता के माध्यम से बेहतर भविष्य का निर्माण करना है। विश्वविद्यालय छात्रों को नए विचार सोचने, उन्हें विकसित करने और ऐसे समाधान तैयार करने के लिए प्रोत्साहित करता है, जिनका समाज पर सकारात्मक प्रभाव पड़े।

लगातार पाँचवें वर्ष 4-स्टार IIC रेटिंग मिलना और सात छात्र दलों का राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं के फाइनल में पहुंचना विश्वविद्यालय के इसी प्रयास का परिणाम है। यह उपलब्धि बताती है कि विश्वविद्यालय केवल किताबी ज्ञान तक सीमित नहीं है, बल्कि छात्रों को नए उत्पाद बनाने, समस्याओं का समाधान खोजने और स्टार्टअप के अवसरों को समझने के लिए भी तैयार कर रहा है।

इस सफलता से छात्रों को आगे बढ़ने की प्रेरणा मिलेगी और विश्वविद्यालय में नवाचार की संस्कृति को और मजबूती मिलेगी।